अपराध का गढ़ बन रहा छत्तीसगढ़ - चंदेल
अपराध का गढ़ बन रहा छत्तीसगढ़ - चंदेल
● जांजगीर के हाॅटल ड्रीम पाइंट में नेता प्रतिपक्ष नारायण चंदेल की पत्रवार्ता।
पत्रकारों से चर्चा करते हुए नेता प्रतिपक्ष चंदेल ने कहा कि जब से प्रदेश में श्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में कांग्रेस की सरकार बनी है उसके बाद से राज्य में नित नये किस्म के अपराध घटित हो रहे है। हत्या, चोरी, डकैती, फिरौती, अपराध, बलत्कार, चाकूबाजी, साइबर अपराध सहित नये अंदाज में बेखौफ होकर अपराधिक घटनाओं को अंजाम दे रहे है। प्रदेश का आम आदमी डरा हुआ, सहमा हुआ है। अपराध की रफ्तार तो तेजी से बढ़ रही है, लेकिन विकास की गति मंद पड़ गई है। विकास के सारे काम ठप है। प्रदेष की कांग्रेस सरकार के जमाने में चाहे वे नगरीय क्षेत्र हो या ग्रामीण परिवेष हो सभी जगह विकास के कार्य कोसो दूर जा रहे है। छ.ग. में तेजी के साथ प्रषासन का राजनीतिकरण व राजनीति का अपराधिकरण होते जा रहा है। राज्य में सत्ता पक्ष कांग्रेस के नेताओं के संरक्षण में अनेक प्रकार के अवैध कारोबार फल-फूल रहे है। पूरे प्रदेष में षराब माफियाओं का संरक्षण सर चढ़कर बोल रहे है। गांजा, अफीम की तस्करी षासन के संरक्षण में हो रहा है। छ.ग. अपराधियों की षरण स्थली बन गई है। प्रदेश में हर दिन 3 अनाचार के मामले सामने आ रहे है। एनसीआरबी की ताजा रिपोर्ट के अनुसार 2021 के आंकड़ो के मुताबिक हर दिन तीन अनाचार के मामले दर्ज हुए है। 2019 से 2022 तक तीन वर्शों में 3 लाख से ज्यादा अपराधिक मामले रजिस्टर हुए है। पास्टो एक्ट में 2361 मामले दर्ज किये गये है। अपराधों के मामलों में छ.ग. देश में दूसरे स्थान पर है। बच्चों के खिलाफ हुए अपराध में भी भारी इजाफा हुआ है, प्रदेष में कानून व्यवस्था पूरी तरह से चौपट है। राज्य सरकार के गलत नितियों के कारण किसान व नवजवान आत्महत्या करने के लिए मजबूर हो रहे है। रेत माफिया, कोल माफिया, जमीन माफिया इन तीनों का कारोबार प्रदेश के कांग्रेस सरकार के संरक्षण में चल रहा है। भूपेश के राज में छ.ग. कर्ज के बोझ तले कराह रहा है। 51 हजार करोड़ से अधिक का कर्ज अब तक इस सरकार ने लिया है। सरकार को कर्ज के ब्याज चुकाने के लिए कर्ज लेना पड़ता है। 3 से 4 महिने तक राज्य के अधिकारियों, कर्मचारियों को अनका वेतन नहीं मिल पा रहा है। पेेंषन धारियों को 3-3 महिने तक पेंषन अप्राप्त हो रहा है। इन सभी लोगों में प्रदेष सरकार के प्रति भारी गुस्सा व आक्रोष व्याप्त है। समूचे प्रदेश में समाज का हर तबका आंदोलन करने के लिए बाध्य हो रहे है। कांग्रेस के जनघोषणा पत्र में किये गये वादों को यह सरकार पूरा नहीं कर पा रही है।
सरकार की वादाखिलाफी से आक्रोश
छग की सरकार ने जो वादा किया था अब उसकी बात ही नही करते। उनकी वादाखिलाफी से अधिकारियों, कर्मचारियों सहित समाज के हर तबके में आक्रोश पनप रहा है। दुर्भाग्य यह है कि राज्य की कांग्रेस सरकार के जमाने में जो पुलिस के सिपाही अपने कर्तब्य निर्वाह के लिए ड्यूटी पर जाते है तो उन्हें हर वर्श नये जूते मिलते है, लेकिन पिछले 3 वर्शों में पुलिस के जवानों को नये जूते नसीब भी नहीं हो पा रहे है, वे पुराने जूते कि सिलाई कराकर अपनी ड्यूटी कर रहे है जो घोर आपत्तीजनक है। अधिकारियों, कर्मचारियों के साथ पूरे प्रदेश के निर्वाचित सरपंच इस भूपेश बघेल के खिलाफ लगातार आंदोलनरत है। छ.ग. की सराकर ने किसानों, बेरोजगारों, कर्मचारियों, महिलाओं तथा समाज के सभी वर्ग के साथ झूठा वादा कर सत्ता को हासिल किया है। इसके कारण यहां भी कांग्रेस के प्रति राज्य के सभी वर्ग के लोगों में भारी रोश व आक्रोष व्याप्त है। नेता प्रतिपक्ष श्री चंदेल ने प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल से आग्रह किया है कि वे राज्य की आर्थिक स्थिति पर ष्वेत पत्र जारी करें तथा बतायें कि किन-किन जिलों में कितने-कितने रोजगार दिये है, कितने लोगों को 25 सौ रूपये बेरोजगारी भत्ता दिये है यह समूचे जनता के सामने आना चाहिए। उन्होंने कहा कि नरवा, गरवा, घुरवा, बाड़ी, रोका-छेका यह पूर्ण रूप से शासन की असफल योजना है। उन्होंने कहा कि गौठानों में गौ माताओं को नहीं रखा जा रहा है। पूरे प्रदेश में गौ माताएं सड़कों पर पड़ी हुई है। जिससे आए दिन गंभीर दुर्घटना घटित हो रही है। नेता प्रतिपक्ष श्री चंदेल ने राज्य सरकार को अगाह करते हुए कहा है कि वे जनघोशणा पत्र में किये गये वादों को तत्काल पूरा करे। उन्होंने कहा कि इसी तरह राज्य में डीएमएफ फण्ड का दुरूपयोग किया जा रहा है। डीएमएफ की राशि का भी पूरा हिसाब जनता के सामने आना चाहिए।
छग प्रदेश ही नहीं पूरे देश की जल,जंगल और जमीन सुरक्षित रहे
प्रेसवार्ता में छग के हसदेव अरण्य में केंद्र सरकार के आदेश से छग में 8 हजार पेड़ों की कटाई और आंदोलनरत आदिवासियों के संबध में एक पत्रकार के सवाल पर नेता प्रतिपक्ष श्री चंदेल ने जवाब देते हुए कहा कि जल,जंगल और जमीन की सुरक्षा हम सबकी जिम्मेदारी है, केंद्र पर आरोप निराधार है। सिर्फ छग प्रदेश ही नहीं अपितु पूरे देश में जल,जंगल और जमीन को बचाया जाना चाहिए।

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